तुलसी गबार्ड ने कहा, PM मोदी और ट्रंप अच्छे दोस्त,जानें पूरी खबर…
नई दिल्ली- अमेरिका की राष्ट्रीय खुफिया निदेशक तुलसी गबार्ड ने कहा कि टैरिफ के मुद्दे पर भारत और अमेरिका के बीच टॉप लेवल पर सीधी बातचीत हो रही है।
दिल्ली पहुंची गबार्ड ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में मैंने भारत सरकार के अधिकारियों से बात की है। मुझे यह देखकर खुशी हुई कि भारतीय अधिकारी इसे नकारात्मक दृष्टिकोण से देखने के बजाय सकारात्मक ले रहे हैं। गबार्ड ने आगे कहा कि जैसे पीएम मोदी अपने देश की अर्थव्यवस्था और लोगों के लिए उपलब्ध अवसरों को सर्वोत्तम हित में देख रहे हैं। ठीक उसी प्रकार राष्ट्रपति ट्रंप भी अमेरिकी लोगों और आर्थिक हितों यही करने में जुटे हैं। पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप बेहतरीन समाधान की तलाश में हैं। तुलसी गबार्ड ने कहा कि सबसे सकारात्मक बात यह है कि हमारे पास दो ऐसे नेता हैं, जिन्हें मुद्दों की सामान्य समझ है और अच्छे समाधान की तलाश में हैं। सीधा संवाद दोनों देशों के बीच शीर्ष स्तर पर चल रहा है। मगर विभिन्न सचिवों और कैबिनेट सदस्यों के बीच यह तय करने में अहम होगा कि आगे का रास्ता कैसा होगा? मैं व्यक्तिगत रूप से उत्साहित हूं क्योंकि भारत और अमेरिका में निजी क्षेत्र में गहरी दिलचस्पी है।
गबार्ड ने कहा कि पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप के बीच गहरी दोस्ती है। यही दोस्ती दोनों देशों के बीच आपसी साझेदारी को बढ़ाने की आधारशिला है। उन्होंने आगे कहा कि हमारे नए प्रशासन के साथ संबंधों की दिशा पीएम मोदी की व्हाइट हाउस यात्रा के दौरान तय हुई। जैसा कि आप जानते हैं कि वे पहले से ही अच्छे दोस्त हैं। यह भारत और अमेरिका के बीच साझेदारी को मजबूत करने का एक बड़ा अवसर था। गबार्ड ने कहा कि यहां विभिन्न भारतीय सरकारी और खुफिया अधिकारियों के साथ हुई हमारी बैठकों का आधार यह रहा है कि कैसे हम अपने संबंधों को मजबूत करना जारी रख सकते हैं? न केवल खुफिया बल्कि हम वाणिज्य, व्यापार, रक्षा और शिक्षा के क्षेत्र पर भी विचार कर रहे हैं। मैं अमेरिका-भारत साझेदारी में केवल अवसर ही देख रही हूं। बातचीत के दौरान तुलसी ने महाभारत समेत कई मुद्दों पर खुलकर बात की।
राजनाथ सिंह ने की मुलाकात
केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अमेरिकी खुफिया प्रमुख तुलसी गबार्ड के साथ बैठक की। इस दौरान सिंह ने अमेरिकी धरती पर भारतीय हितों के खिलाफ काम कर रहे खालिस्तानी चरमपंथियों का मुद्दा उठाया। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सोमवार को हुई बातचीत में मंत्री ने खालिस्तानी संगठन एसएफजे (सिख फॉर जस्टिस) की भारत विरोधी गतिविधियों पर प्रकाश डाला। एसएफजे को भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा के खिलाफ काम करने के लिए देश में प्रतिबंधित किया गया है। मीडिया रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से कहा गया, “भारत ने अपनी चिंता व्यक्त की और अमेरिकी प्रशासन से गैरकानूनी संगठन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा।”









