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पानी को लेकर पंजाब और हरियाणा में तनातनी के बीच भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड के डायरेक्टर-सेक्रेटरी हटाए गए

पानी को लेकर पंजाब और हरियाणा में तनातनी के बीच भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड के डायरेक्टर-सेक्रेटरी हटाए गए

 

 

चंडीगढ़ – पंजाब और हरियाणा के बीच पानी को लेकर विवाद जारी है। इस विवाद के बीच पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने साफ कहा है कि हमारे पास किसी को देने के लिए एक बूंद अतिरिक्त पानी नहीं है। दोनों राज्यों के विवाद को देख भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड (BBMB) के वाटर रेगुलेशन डायरेक्टर के बाद सेक्रेटरी को बदल दिया गया है। सेक्रेटरी सुरिंदर सिंह मित्तल हरियाणा के कोटे से बोर्ड में नियुक्त थे। अब सेक्रेटरी का चार्ज पंजाब कोटे के बलवीर सिंह को दे दिया गया है। इससे पहले पंजाब कोटे से बोर्ड में नियुक्त भाखड़ा डैम के डायरेक्टर (वाटर रेगुलेशन) इंजी. आकाशदीप सिंह को हटाया गया था। उनकी जगह अब इंजी. संजीव कुमार को डायरेक्टर रेगुलेशन लगाया गया है जोकि हरियाणा के कोटे से बोर्ड में नियुक्त हैं। संजीव इससे पहले डैम सेफ्टी के डायरेक्टर थे।

आम आदमी पार्टी के सांसद मालविंदर सिंह कंग ने केंद्रीय मंत्री और बीजेपी नेता रवनीत सिंह बिट्टू को आड़े हाथों लेते हुए केंद्र सरकार और हरियाणा सरकार पर पंजाब के हितों के खिलाफ साजिश रचने का गंभीर आरोप लगाया है। कंग ने कहा कि पंजाब ने हरियाणा को उसका पूरा हक का पानी दे दिया है, लेकिन अब पंजाब में पानी की कमी के चलते अतिरिक्त पानी देना संभव नहीं है। वहीं, रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा कि जब पूरा देश पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद के खिलाफ एकजुट है, तब सीएम भगवंत मान पानी के मुद्दे पर राज्यों को बांटने का विकल्प चुन रहे हैं। पंजाब के पानी की एक भी बूंद नहीं दी जाएगी, लेकिन यह राजनीतिक दिखावा करने का समय नहीं है। वहीं अमृतसर में पंजाब के पानी के मुद्दे पर आम आदमी पार्टी ने कैबिनेट मंत्री कुलदीप सिंह धालीवाल के नेतृत्व में भाजपा नेता तरुण चुघ के घर के बाहर धरना दिया। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ई.टी.ओ., विधायक डा. इंद्रबीर सिंह निज्जर, मेयर जतिंदर सिंह मोती भाटिया व अन्य नेता उपस्थित थे।

कुलदीप सिंह धालीवाल ने कहा कि पंजाब का पानी हरियाणा को देने का फैसला कभी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आज तो केवल सांकेतिक विरोध प्रदर्शन है, आने वाले दिनों में कानूनी लड़ाई लड़कर और सड़कों पर उतरकर भी पुरजोर विरोध किया जाएगा। उधर, केंद्रीय रेल राज्य मंत्री स. रवनीत सिंह बिट्टू ने एक्स पर पोस्ट किया कि हाल ही में हुई बैठक में मगरमच्छ के आंसू बहाने वाली आप अपनी बात पर कायम नहीं रह सकी। हरियाणा द्वारा अधिक पानी की मांग किए जाने पर भी उनकी टीम बिना तैयारी और बिना किसी जानकारी के चुप रही। सीएम मान ने पंजाब की जरूरतों का बचाव क्यों नहीं किया? भाजपा दृढ़ है: पंजाब के पानी की एक बूंद भी कहीं और नहीं जाएगी।