Author: Sumesh Sharma

  • डिप्टी कमिश्नर ने गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियों को अंतिम रूप दिया

    डिप्टी कमिश्नर ने गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियों को अंतिम रूप दिया

    डिप्टी कमिश्नर ने गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियों को अंतिम रूप दिया

    24 को फुल ड्रेस रिहर्सल, देशभक्ति की भावना से गणतंत्र दिवस मनाने की अपील

    MBD NEWS: जालंधर, 22 जनवरी: डिप्टी कमिश्नर डा.हिमांशु अग्रवाल ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर 26 जनवरी को स्थानीय गुरु गोबिंद सिंह स्टेडियम में आयोजित होने वाले जिला स्तरीय कार्यक्रम की तैयारियों को आज अंतिम रूप दिया। विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए डा.अग्रवाल ने आयोजन के महत्व पर जोर देते हुए समुचित व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा ताकि समागम उचित ढंग से संपन्न हो सके।


    डा.अग्रवाल ने कहा कि गणतंत्र दिवस को देशभक्ति की भावना और उत्साह के साथ मनाया जाना चाहिए, क्योंकि यह दिन हमारे जीवन में बहुत महत्वपूर्ण स्थान रखता है। बैठक के दौरान डिप्टी कमिश्नर ने ट्रैफिक डायवर्जन, पेयजल की उपलब्धता, पार्किंग, शौचालय और भाग लेने वाले छात्रों के लिए परिवहन व्यवस्था सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की। डिप्टी कमिश्नर ने पी.एस.पी.सी.एल. अधिकारियों को पूरे आयोजन के दौरान स्टेडियम में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया ।
    इसके अलावा डा.अग्रवाल. ने स्वास्थ्य विभाग को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए डॉक्टरों और पैरामेडिक्स सहित मेडिकल टीमों को तैनात करने का निर्देश दिया। कार्यक्रम के सुचारू ढंग से सुनिश्चित करने के लिए वी.वी.आई.पी. प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन करने की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने विभागीय उपलब्धियों को झांकियों द्वारा प्रदर्शित करने की भी समीक्षा की। उन्होंने यह भी घोषणा की कि सर्वश्रेष्ठ झांकी को कार्यक्रम के अंत में नकद पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।
    डिप्टी कमिश्नर ने पुलिस विभाग को शहर में विशेष कार्यक्रम स्थल के आस-पास सुरक्षा मजबूत करने का निर्देश दिया। उन्होंने कार्यक्रम के सुचारू समापन के लिए स्टेडियम में पर्याप्त पुलिस कर्मियों को तैनात करने के लिए भी कहा। इस मौके पर डिप्टी कमिश्नर ने जालंधर नगर निगम को शहर के मुख्य चौराहों को देशभक्ति की थीम पर आधारित सजाने को कहा। उन्होंने बताया कि फुल ड्रेस रिहर्सल 24 जनवरी को होगी।
    डा. अग्रवाल ने अधिकारियों से आग्रह किया कि वे जिला स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह को सुचारु रूप से संपन्न करवाने के लिए अपनी जिम्मेदारी पूरी तत्परता से निभाएं।
    अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर जसबीर सिंह, सहायक कमिश्नर सुनील फोगट, अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर मेजर डा. अमित महाजन, अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर(ग्रामीण विकास) बुद्धि राज सिंह, एसडीएम बलबीर राज सिंह, एसडीएम रणदीप सिंह हीर, जिला राजस्व अधिकारी नवदीप सिंह और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

  • मोदी सरकार ने जूट की MSP बढ़ाई, जानें बजट से पहले मोदी कैबिनेट ने क्या-क्या फैसले लिए?

     मोदी सरकार ने जूट की MSP बढ़ाई, जानें बजट से पहले मोदी कैबिनेट ने क्या-क्या फैसले लिए?

    जूट की MSP बढ़ी, हेल्थ मिशन पर अपडेट...बजट से पहले मोदी कैबिनेट ने क्या-क्या फैसले लिए?

    मोदी कैबिनेट

    बजट से पहले कृषि और स्वास्थ्य को लेकर मोदी कैबिनेट ने बड़ा फैसला किया है. बुधवार को कैबिनेट बैठक में जूट के एमएसपी बढ़ाने और नेशनल हेल्थ मिशन को अगले 5 साल तक चालू रखने का फैसला किया है. बैठक के बाद यह जानकारी केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने दी है. कैबिनेट की बैठक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई है.

    पीयूष गोयल के मुताबिक कैबिनेट ने जूट के न्यूनतम समर्थन मूल्य को बढ़ा दिया है. 2025-26 के लिए रॉ जूट की एमएसपी में 6 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है. इस फैसले के बाद अब जूट का कच्चा माल 5650 प्रति क्विंटल में खरीदा जाएगा. किसानों को प्रति क्विंटल 315 रुपए का सीधा लाभ होगा. सरकार ने यह फैसला जूट की खपत को बढ़ाने के मकसद से लिया है.

    गोयल के मुताबिक कैबिनेट के इस फैसले से जूट किसानों को फायदा होगा. बिहार, बंगाल और असम में जूट की खेती भारी मात्रा में होती है. इस फैसले का सीधा लाभ किसानों के इन 40 लाख परिवारों को होगा.

    नेशनल हेल्थ मिशन कार्यक्रम पर भी फैसला

    कैबिनेट बैठक में नेशनल हेल्थ मिशन को लेकर भी फैसला किया गया है. इस मिशन को अगले 5 साल तक के लिए चालू रखा गया है. कोरोना काल में यह मिशन काफी मददगार साबित हुआ था. उस वक्त 12 लाख हेल्थ केयर वर्कर्स ने इस मिशन के तहत लोगों की मदद की थी.

    मोदी कैबिनेट की इस महीने की यह दूसरी बड़ी बैठक थी. इससे पहले कैबिनेट बैठक में सरकार ने 8वें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी थी. इसके गठन का सीधा फायदा केंद्रीय कर्मचारियों को होगा.

  • खेलते- खेलते खौलते तेल में गिरने से 2 साल के मासूम की दर्दनाक मौत, पिता की आंखों के सामने घटित हुआ ये हादसा

    खेलते- खेलते खौलते तेल में गिरने से 2 साल के मासूम की दर्दनाक मौत, पिता की आंखों के सामने घटित हुआ ये हादसा

     

     

    भोपाल : मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां सगाई समारोह में खेलते-खेलते दो साल का मासूम बच्चा गर्म तेल की कढ़ाई में गिर गया। बुरी तरह झुलसे बच्चे की अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

    यह घटना निशातपुरा थाना क्षेत्र की है, जहां सगाई समारोह चल रहा था। तभी दो साल का मासूम अक्षांश साहू खेलते-खेलते गर्म तेल वाली कढ़ाई के करीब पहुंच गया। वहां मौजूद कोई व्यक्ति कुछ समझ पाता, इससे पहले बच्चा इस खौलते तेल की कढ़ाई में जा गिरा।

    इस घटनाक्रम को अक्षांश के पिता ने देखा, जो कुछ ही दूरी पर खड़े थे। वह उस तरफ दौड़े चले आए और आनन-फानन में बच्चे को गर्म तेल की कढ़ाई से निकाला और उसे तुरंत निजी अस्पताल ले गए। बताया गया है कि बच्चा बुरी तरह झुलस गया था और उपचार के लिए निजी अस्पताल ले जाया गया। तमाम कोशिशों के बावजूद बच्चे को बचाया नहीं जा सका और उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।

    परिजनों के अनुसार अक्षांश के चाचा की सगाई थी और सभी लोग इस उत्सव वाले कार्यक्रम में लगे हुए थे। तभी अचानक यह हादसा हो गया। मासूम अक्षांश की मौत के चलते उत्सव वाले घर का माहौल गमगीन हो गया। सगाई समारोह में मौजूद कोई भी व्यक्ति यह नहीं समझ पा रहा है कि आखिर बच्चा गर्म तेल की कढ़ाई में अचानक कैसे गिर गया।

    बच्चे की तरफ किसी ने ध्यान नहीं दिया और इस पूरे घटनाक्रम को बड़ी लापरवाही के तौर पर देखा जा रहा है। मासूम की मौत से परिजन ही नहीं, तमाम जानने वाले भी दुखी हैं और अभिभावकों को ढांढस बंधाने में लगे हैं। बच्चे की मौत से उसके माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है।

  • भाजपा ने लॉन्च किया नया कैंपेन सॉन्ग,राम मंदिर का जिक्र कर मांगा जनता का साथ..

     भाजपा ने लॉन्च किया नया कैंपेन सॉन्ग,राम मंदिर का जिक्र कर मांगा जनता का साथ..

     

    नई दिल्ली : भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने आगामी दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए बुधवार को एक नया सॉन्ग जारी किया, जिसमें अयोध्या में राम मंदिर का जिक्र भी किया गया है।

    ‘जो राम को लेकर आए, उनका राज होगा दिल्ली में’ शीर्षक वाले इस गीत में दिल्लीवासियों के समक्ष आने वाले प्रमुख मुद्दों पर प्रकाश डाला गया है, जैसे प्रदूषण, गंदा पेयजल, अनुचित कचरा निपटान, सीवेज की समस्या और लैंडफिल का ओवरफ्लो होना।

    भाजपा ने दिल्ली में “डबल इंजन सरकार” के नारों पर जोर देते हुए सत्ता में आने पर बिना किसी भेदभाव के स्वास्थ्य बीमा का वादा किया है।

    इस गीत में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी (आप) पर कटाक्ष करते हुए मौजूदा सरकार की आलोचना करने के लिए “आपदा” और “चोर” जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया गया है।

    पार्टी ने विश्वास जताया कि दिल्ली के मतदाता आम आदमी पार्टी (आप) की जगह भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार बनाने के लिए तैयार हैं।

    सोशल मीडिया पर इस गीत पोस्ट करते हुए भाजपा ने लिखा, “जनता ने तय कर लिया है कि 2025 में चोरों को हटाकर भाजपा को लाना है।”

    आगे लिखा है, “दिल्ली में मोदी के किसी शेर का राज होगा। जो राम को लाए हैं, वही दिल्ली पर राज करेंगे!”

    यह चुनाव प्रचार के दौरान भाजपा का पहला गीत नहीं है। इससे पहले पार्टी ने एक और चुनावी गीत जारी किया था, ‘बहाना नहीं बदलाव चाहिए, दिल्ली में भाजपा की सरकार चाहिए’, जिसे भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने गाया था।

    इस गीत को आधिकारिक तौर पर पिछले सप्ताह रोहिणी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की परिवर्तन रैली के दौरान लॉन्च किया गया था और 5 फरवरी को होने वाले चुनाव अभियान के तहत इसे व्यापक रूप से प्रसारित किया गया है।

    इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को पार्टी के मेरा बूथ सबसे मजबूत कार्यक्रम के तहत वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए दिल्ली भाजपा के बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं को संबोधित करने वाले हैं। विधानसभा चुनाव से कुछ हफ्ते पहले यह बातचीत दोपहर 1 बजे होगी।

    दिल्ली के सभी 256 वार्डों के 13,033 बूथों से पार्टी सदस्य इस वर्चुअल कार्यक्रम में भाग लेंगे।

    दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए मतदान 5 फरवरी को होगा, जबकि मतगणना 8 फरवरी को होगी।

  • यौन उत्पीड़न के मामले लड़की का चिल्लाना और चोट के निशान जरूरी नहीं; SC ने रेप के मामलों में खींची लकीर

    यौन उत्पीड़न के मामले लड़की का चिल्लाना और चोट के निशान जरूरी नहीं; SC ने रेप के मामलों में खींची लकीर

     

     

    नई दिल्ली- सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में यह स्पष्ट किया है कि यौन उत्पीड़न के मामले में शारीरिक चोटों का न होना अपराध नहीं होने की पुष्टि नहीं करता है। साथ ही देश की सर्वोच्च अदालत ने यह भी साफ कहा है कि यह भी जरूरी नहीं है कि पीड़िता शोर मचाए या चिल्लाए। कोर्ट का मानना है कि ऐसे मामलों में पीड़ितों की प्रतिक्रिया विभिन्न परिस्थितियों पर निर्भर करती है। अदालत ने यह भी कहा कि यौन उत्पीड़न से जुड़ी सामाजिक कलंक और डर पीड़िता की ओर से घटना को उजागर करने में महत्वपूर्ण बाधाएं उत्पन्न करती हैं।

    न्यायमूर्ति हृषिकेश रॉय और एसवीएन भट्टि की बेंच ने कहा, “यह एक सामान्य मिथक है कि यौन उत्पीड़न से शारीरिक चोटें होनी चाहिए। पीड़िता विभिन्न तरीकों से मानसिक आघात का सामना करते हैं। भय, आघात, सामाजिक कलंक, या असहायता जैसी भावनाओं से वह प्रभावित हो सकती है। यह न तो वास्तविक है और न ही उचित है कि हम एक समान प्रतिक्रिया हर केस में उम्मीद करें। यौन उत्पीड़न से जुड़ा कलंक अक्सर महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण बाधाएं पैदा करता है, जिससे उनके लिए घटना को दूसरों से साझा करना मुश्किल हो जाता है।” अदालत ने अपने फैसले में सुप्रीम कोर्ट के “हैंडबुक ऑन जेंडर स्टिरियोटाइप्स (2023)” का हवाला देते हुए कहा, “अलग-अलग लोग आघातपूर्ण घटनाओं पर अलग-अलग तरीके से प्रतिक्रिया करते हैं। उदाहरण के लिए एक व्यक्ति अपने माता-पिता की मृत्यु पर सार्वजनिक रूप से रो सकता है, जबकि दूसरा व्यक्ति उसी स्थिति में सार्वजनिक रूप से कोई भावना नहीं दिखा सकता। इसी तरह एक महिला का यौन उत्पीड़न या बलात्कार पर प्रतिक्रिया उसके व्यक्तिगत लक्षणों पर निर्भर कर सकती है। इस मामले में एक जैसा कोई सही या उचित तरीका नहीं है।”

    सुप्रीम कोर्ट ने एक मामले में आरोपी की सजा को निरस्त कर दिया, जिसमें एक लड़की को कथित रूप से अपहरण कर शादी के लिए ले जाने का आरोप था। आरोपी दलिप कुमार उर्फ डली ने उत्तराखंड उच्च न्यायालय के 29 मार्च 2013 के फैसले को चुनौती दी थी। कोर्ट ने आईपीसी की धाराओं 363 और 366-A के तहत आरोपी को दोषी ठहराया था। 1998 में दर्ज की गई एफआईआर में शुरू में आरोपी का नाम नहीं था, लेकिन बाद में उसे अन्य आरोपियों के साथ धारा 363, 366-A, 366, 376 के साथ 149 और 368 के तहत आरोपित किया गया। सत्र अदालत ने आरोपी को गंभीर आरोपों से मुक्त कर दिया, लेकिन दलिप कुमार और एक अन्य आरोपी को धारा 363 और 366-A के तहत दोषी ठहराया।

    पीड़िता की गवाही पर जोर
    बेंच ने बताया कि पीड़िता की गवाही सबसे महत्वपूर्ण सबूत थी। पीड़िता ने अपने बयान में कहा कि आरोपी के साथ उसकी शादी को लेकर बातचीत हो रही थी, जिसे उसके पिता ने जाति के आधार पर नकारा। पीड़िता ने क्रॉस-एग्जामिनेशन में यह स्पष्ट रूप से कहा कि उसने आरोपी के साथ स्वेच्छा से जाने का निर्णय लिया था। इस दौरान पीड़िता की छोटी बहन सरिता ने उसे स्कूल के पास आरोपी के साथ जाते देखा था, लेकिन उसे गवाही में पेश नहीं किया गया था। इसके अलावा, अदालत ने यह भी उल्लेख किया कि एफआईआर 18 मार्च 1998 को दर्ज होने के बाद अगले दिन 19 मार्च को शाम 7 बजे दर्ज की गई थी, जबकि घटना का समय 3:00 बजे था।

    अदालत ने मेडिकल साक्ष्य का भी संदर्भ लिया। डॉक्टर ने पीड़िता का परीक्षण किया और कोई शारीरिक चोट या सूजन नहीं पाई। पीड़िता को शारीरिक रूप से सामान्य माना गया और यौन उत्पीड़न का कोई प्रमाण नहीं मिला। डॉक्टर ने यह भी कहा कि पीड़िता की आयु 16 से 18 वर्ष के बीच थी। अदालत ने निष्कर्ष निकाला, “साक्ष्य से यह स्पष्ट होता है कि इस मामले में धारा 366-A के तहत अपहरण का आरोप स्थापित करने के लिए कोई आधार नहीं था। इसलिए आरोपी की सजा को बरकरार नहीं रखा जा सकता।”

  • अस्पताल से निकलते ही जान बचाने वाले आटो ड्राइवर से मिले सैफ अली खान , गले लगाकर कही ये बड़ी बात

    अस्पताल से निकलते ही जान बचाने वाले आटो ड्राइवर से मिले सैफ अली खान , गले लगाकर कही ये बड़ी बात

     

     

    मुंबई : 16 जनवरी को उनके घर में चोरी के इरादे से घुसे आरोपी शरीफुल के साथ हुई हाथापाई में अभिनेता सैफ अली खान घायल हो गए थे। घटना के बाद, एक ऑटो ड्राइवर, भजन सिंह, ने उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया था। अब स्वस्थ होने पर, सैफ ने अस्पताल में भजन सिंह से मुलाकात की और उनकी त्वरित सहायता के लिए गले लगाकर आभार व्यक्त किया।

    सामने आई तस्वीरों में सैफ को अस्पताल में भजन के साथ देखा जा सकता है। इससे पहले, भजन सिंह ने बताया था कि उन्हें शुरुआत में पता नहीं था कि वे सैफ अली खान को अस्पताल ले जा रहे हैं। उन्होंने उस रात सैफ से कोई किराया भी नहीं लिया था।

    सैफ अली खान ने भजन सिंह को उनका बकाया किराया देने और भविष्य में भी हर संभव मदद करने का वादा किया है। इस दौरान सैफ की मां शर्मिला टैगोर भी वहां मौजूद थीं, जिन्होंने ऑटो ड्राइवर का शुक्रिया अदा किया।

    गौरतलब है कि फिल्मी इंडस्ट्री से जुड़े फैजान अंसारी ने भी ऑटो ड्राइवर को 11 हजार रुपये का इनाम दिया था। सैफ ने सही समय पर अस्पताल पहुंचाने के लिए भजन सिंह का व्यक्तिगत रूप से धन्यवाद किया। भजन सिंह का कहना है कि पैसा किसी की जान से बढ़कर नहीं है। उनकी इस मानवतापूर्ण कार्य की हर तरफ सराहना हो रही है।

  • ज़िला स्तरीय गणतंत्र दिवस समागम दौरान कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा फहराएंगे राष्ट्रीय ध्वज

    ज़िला स्तरीय गणतंत्र दिवस समागम दौरान कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा फहराएंगे राष्ट्रीय ध्वज

    ज़िला स्तरीय गणतंत्र दिवस समागम दौरान कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा फहराएंगे राष्ट्रीय ध्वज

    डिप्टी कमिश्नर ने समागम की रिहर्सल का लिया जायज़ा

    MBD NEWS : जालंधर, 21 जनवरी:गणतंत्र दिवस मौके 26 जनवरी को स्थानीय गुरू गोबिन्द सिंह स्टेडियम में करवाए जाने वाले ज़िला स्तरीय समागम दौरान पंजाब के नवीन एंव नवीकरणीय ऊर्जा स्त्रोत, छपाई एंव लेखन सामग्री मंत्री अमन अरोड़ा राष्ट्रीय झंडा फहराएंगे।
    डिप्टी कमिश्नर डा. हिमांशु अग्रवाल ने आज स्थानीय गुरू गोबिन्द सिंह स्टेडियम में ज़िला स्तरीय गणतंत्र दिवस समागम की चल रही रिहर्सल का जायज़ा लिया और भागीदार स्कूलों के विद्यार्थियों एंव उनके अध्यापकों को ज़रूरी निर्देश दिए ।
    डा.अग्रवाल ने बताया कि ज़िला स्तरीय समागम दौरान आई.टी.बी.पी., पंजाब पुलिस ( पुरुष और महिला), पंजाब होमगार्ड, एन.सी.सी लड़के और लड़कियों की टुकड़ियाँ द्वारा शानदार मार्च पास्ट किया जाएगा। इस बाद अलग- अलग विभागों की प्राप्तियाँ को दिखाती झांकिया निकाली जाएंगी। अलग- अलग स्कूलों के विद्यार्थियों द्वारा पी.टी.शो के इलावा एस.डी. फुल्लरवान स्कूल, पुलिस डी.ए.वी. स्कूल, डिप्स सुरानुस्सी, इनोसैंट हार्ट स्कूल, न्यू सेंट सोलजर स्कूल, रैड्ड क्रास स्कूल फार डैफ्फ एंड डंब, मानव सहयोग स्कूल, ए.पी.जे. स्कूल के विद्यार्थियों द्वारा देश भक्ति की भावना वाले सांस्कृतिक नमूनें पेश किए जाएगे।
    डा.अग्रवाल ने बताया कि ज़िला स्तरीय समागम दौरान स्वतंत्रता संग्रामियों के इलावा अलग- अलग क्षेत्रों में नाम कमाने वाली शख़्सियतों और अलग- अलग विभागों की बढ़िया कारगुज़ारी दिखाने वाले अधिकारियों/ कर्मचारियों को सम्मानित किया जाएगा।
    डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि ज़िला स्तरीय समागम को उचित ढंग से पूरा करने के लिए सिविल और पुलिस प्रशासन द्वारा पुख़्ता प्रबंध यकीनी बनाए जा रहे है। उन्होंने कहा कि इस पवित्र दिन को देश भक्ति की भावना और उत्साह के साथ मनाने के लिए प्रत्येक संभव यत्न किए जाएंगे।

    कैप्शन: डिप्टी कमिश्नर डा. हिमांशु अग्रवाल गणतंत्रत दिवस मौके स्थानीय गुरू गोबिन्द सिंह स्टेडियम में करवाए जाने वाले ज़िला स्तरीय समागम की रिहर्सल का जायज़ा लेते हुए।

    कैप्शन: गणतंत्र दिवस मौके स्थानीय गुरू गोबिन्द सिंह स्टेडियम में करवाए जाने वाले ज़िला स्तरीय समागम की रिहर्सल दौरान प्रेशकारी देते विद्यार्थी।

  • रिटायर्ड ADM की हुई गेस्ट हाउस में हत्या, खून से लथपथ शव मिलने से पुलिस महकमे में मचा हड़कंप..

    रिटायर्ड ADM की हुई गेस्ट हाउस में हत्या, खून से लथपथ शव मिलने से पुलिस महकमे में मचा हड़कंप..

     

    कासगंज : यूपी के कासगंज में एक सनसनीखेज वारदात में एक रिटायर्ड एडीएम की हत्या कर दी गई है। शहर कोतवाली क्षेत्र के गांव मामों स्थित मीनाक्षी गेस्ट हाउस में गेस्ट हाउस के मालिक, रिटायर्ड एडीएम राजेन्द्र कुमार का शव खून से लथपथ हालत में मिला। इस घटना से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।

    रिटायर्ड एडीएम राजेन्द्र कुमार अपनी सेवानिवृत्ति के बाद से कई वर्षों से अपने गांव में ही रह रहे थे। वे अपने गांव के पास हाईवे किनारे मीनाक्षी गेस्ट हाउस का संचालन कर रहे थे। मंगलवार की सुबह उनका शव गेस्ट हाउस परिसर में खून से लथपथ पाया गया।

    घटना की सूचना मिलते ही कासगंज कोतवाली और सोरों कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। एसपी, एएसपी और सीओ सिटी समेत उच्च अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और घटना की जांच शुरू कर दी है। पुलिस मामले की गहनता से छानबीन कर रही है और हत्या के कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है। अभी तक हत्या के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है। इस घटना ने क्षेत्र में सनसनी फैला दी है और पुलिस प्रशासन पर जल्द से जल्द दोषियों को पकड़ने का दबाव बढ़ गया है।

  • ट्रेनी डॉक्टर रेप-मर्डर केस ; कोर्ट के फैसले के खिलाफ HC पहुंची ममता सरकार, दोषी संजय को फांसी देने की मांग

    ट्रेनी डॉक्टर रेप-मर्डर केस ; कोर्ट के फैसले के खिलाफ HC पहुंची ममता सरकार, दोषी संजय को फांसी देने की मांग

     

     

    कोलकाता : पश्चिम बंगाल सरकार ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज में ट्रेनी डॉक्टर के साथ हुए रेप और हत्या के मामले में सियालदह कोर्ट के फैसले को कलकत्ता हाईकोर्ट में चुनौती दी है। सियालदह कोर्ट ने सोमवार को दोषी संजय रॉय को उम्रकैद (मृत्यु तक कारावास) की सजा सुनाई थी, जिसके खिलाफ अब राज्य सरकार ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

    सरकार की ओर से एडवोकेट जनरल किशोर दत्ता ने याचिका दायर कर अदालत से दोषी संजय रॉय को फांसी की सजा देने की मांग की है। उन्होंने कहा कि दोषी को दी गई उम्रकैद की सजा पर्याप्त नहीं है।

    सोमवार को अदालत में संजय को कड़ी सुरक्षा के बीच पेश किया गया था। इस दौरान मृतका के माता-पिता भी मौजूद थे। सुनवाई के दौरान संजय ने एक बार फिर खुद को निर्दोष बताते हुए फंसाए जाने का आरोप लगाया। न्यायाधीश ने सजा सुनाने से पहले संजय को अंतिम बार बोलने का मौका दिया था और उससे पूछा था कि क्या उसके परिवार वालों ने उससे कोई संपर्क किया है, जिसके जवाब में संजय ने ‘नहीं’ कहा था।

    यह मामला आरजी कर मेडिकल कॉलेज में एक ट्रेनी डॉक्टर के साथ हुए दुष्कर्म और हत्या से संबंधित है, जिसने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया था। अब देखना यह है कि हाईकोर्ट इस मामले में क्या फैसला सुनाता है।

  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयागराज जाने के मायने तलाशने में जुटे राजनीतिक गुरु..

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयागराज जाने के मायने तलाशने में जुटे राजनीतिक गुरु..

     

     

    लखनऊ – प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पांच फरवरी को महाकुंभ में शिरकत कर सकते हैं। अपने एक दिवसीय दौरे में मोदी के त्रिवेणी में अमृत स्नान के अलावा कई कार्यक्रमों में भाग लेने की संभावना है। सूत्रों के मुताबिक मोदी के पांच फरवरी प्रयागराज में महाकुंभ मेले में शामिल होंगे। इस दौरान, उनके कई महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं की समीक्षा और कार्यक्रमों में भाग लेने की संभावना है।

    रणनीतिकारों ने उनके यात्रा की तारीख ऐसी चुनी है कि संगम में डुबकी का ‘राजनीतिक पुण्य’ भी प्राप्त किया जा सके। मोदी का प्रयाग दौरा 5 फरवरी को प्रस्तावित है। उसी दिन दिल्ली में विधानसभा चुनाव के लिए वोट भी डाले जाएंगे, इसलिए प्रयाग से ‘इंद्रप्रस्थ’ साधने पर भी नजर होगी।

    पीएम हनुमान मंदिर और अक्षयवट कॉरिडोर भी जा सकते हैं। प्रशासन ने पीएम के संभावित दौरे को लेकर तैयारियां शुरू कर दी हैं। अब यह संयोग है या सियासी प्रयोग कि उसी दिन दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए उसकी सभी 70 सीटों पर मतदान होगा। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 5 फरवरी को प्रयागराज का दौरा कर सकते हैं। उनके इस संभावित दौरे के दौरान कई महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं की समीक्षा और कार्यक्रमों में भाग लेने की संभावना है।

    प्रधानमंत्री के इस दौरे के दौरान संगम क्षेत्र और आस-पास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष प्रबंध किए जाएंगे। प्रशासन ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी तैयारियां समय पर पूरा किया जाए।