Category: POLITICAL

  • मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा बुलाई गई कैबिनेट बैठक हुई खत्म, मीटिंग में नहीं शामिल हुए दोनों डिप्टी CM

     

    लखनऊ : लोकसभा चुनाव के बाद योगी मंत्रिमंडल की शनिवार को पहली बैठक हुई। इस दौरान दोनों डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और केशव प्रसाद मौर्य नहीं पहुंचे। सहयोगी दलों की तरफ से आशीष पटेल, ओम प्रकाश राजभर संजय निषाद और अनिल कुमार बैठक में मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने मंत्रियों से उनके विभाग के कामकाज के बारे में जानकारी ली और राज्य में चल रही योजनाओं को और तेज गति से बढ़ाने के निर्देश दिए।

    यूपी के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि मुख्यमंत्री ने राज्य को उत्तम प्रदेश बनाने और गुड गवर्नेंस पर चर्चा की। सभी मंत्रियों को उनकी जिम्मेदारी का निर्वाह करने, प्रभार जनपदों और क्षेत्र पर ध्यान देने को कहा गया। विभाग में अच्छा प्रदर्शन करने के निर्देश दिए गए हैं।

    पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री ने आज सभी मंत्रियों के साथ बैठक की उसमें उनके विभाग में चल रही योजनाओं की क्या स्थिति है, इस पर रिपोर्ट मांगी। दो माह आचार संहिता के कारण रुके कामों को कैसे तेज गति प्रदान की जाए, इस पर भी चर्चा हुई। यह जो टाइम खराब हुआ है, उसे कैसे रिकवर करना है, इस पर भी चर्चा हुई है। इसे रूटीन बैठक कह सकते हैं। जयवीर सिंह ने कहा कि अब हम अपने विभाग की समीक्षा करेंगे इसके लिए बैठक बुलाएंगे। सारे रुके हुए काम तेजी से शुरू होंगे।

    अल्पसंख्यक राज्य मंत्री दानिश आजाद ने बताया कि जनता से जुड़े मुद्दे बिना देरी के सुलझाए जाएं, जनसुनवाई करें। जनता की हर शिकायत का निस्तारण करें। आचार संहिता के कारण रुके कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं।

    मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि नरेंद्र मोदी को तीसरी बार पीएम बनने पर उन्हें बधाई दी गई। घोसी सीट पर मिली हार का कारण उन्होंने सपा और कांग्रेस के संविधान को लेकर झूठ फैलाना बताया। विपक्ष सिर्फ अफवाह फैला रहा है। तीसरी बार एनडीए की सरकार न सिर्फ बनने जा रही है, बल्कि और अच्छी तरह से चलेगी। मंत्री संजय निषाद ने कहा, नरेंद्र मोदी तीसरी बार प्रधानमंत्री बन रहे हैं। इससे देश में खुशी की लहर है। लोकसभा चुनाव के प्रदर्शन पर कहां चूक हुई, उस पर चर्चा कर सुधार किया जाएगा।

    ज्ञात हो कि लोकसभा चुनाव के बाद मुख्यमंत्री तेजी से काम में जुट गए हैं। मुख्यमंत्री ने दिल्ली से लौटते ही अधिकारियों के साथ बैठक की थी। कानून व्यवस्था सख्त करने के निर्देश दिए थे। इसके पहले उन्होंने सभी विभागों के अपर मुख्य सचिव और प्रमुख सचिव के साथ समीक्षा बैठक की थी। उन्हें विभाग में खाली पड़े पदों पर भर्ती करने के साथ ही आवश्यक दिशा निर्देश भी दिया था।

  • मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेने हेतू 7000 लोगों को भेजा गया न्योता, सामने आई Invitation Card की तस्वीर

    मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेने हेतू 7000 लोगों को भेजा गया न्योता, सामने आई Invitation Card की तस्वीर

     

    नई दिल्ली- रविवार की शाम 7 बजकर 15 मिनट पर नरेंद्र मोदी का शपथ ग्रहण होगा। शपथ ग्रहण समारोह में करीब 7000 लोगों को न्योता भेजा गया है। वहीं पीएम के शपथ ग्रहण के आमंत्रण की तस्वीर सामने आई है। शुक्रवार को उन्हें एनडीए संसदीय दल का नेता चुना गया था। इसके बाद उन्होंने राष्ट्रपति के समक्ष सरकार बनाने का दावा पेश किया था।

    इसके बाद राष्ट्रपति ने उन्हें रविवार को सरकार बनाने का न्योता दिया। मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में कई देशों के राष्ट्राध्यक्ष शामिल होंगे। इसको लेकर दिल्ली में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गिए हैं। दिल्ली को नो फ्लाइंग जोन घोषित कर दिया गया है। चप्पे-चप्पे पर पुलिस का पहरा रहेगा। राष्ट्रपति भवन की सुरक्षा बेहद कड़ी कर दी गई है।

    इन देशों के मेहमान शपथ ग्रहण में होंगे शामिल
    मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में मालदीव, भूटान, नेपाल, बांग्लादेश, श्रीलंका, मॉरीशस और सेशेल्स के शीर्ष नेताओं के शामिल होने की उम्मीद है। बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना, मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू, भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोबगे, मॉरीशस के प्रधानमंत्री प्रविंद जगन्नाथ और सेशेल्स के राष्ट्रपति वेवेल रामखेलावन को आमंत्रित किया गया है।

    दिल्ली नो फ्लाइंग जोन घोषित
    शपथ ग्रहण समारोह को लेकर राष्ट्रीय राजधानी को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। हर जगह सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। दिल्ली को नो फ्लाइंग जोन घोषित कर दिया गया है। ड्रोन उड़ाने, पैराग्लाइडिंग पर रोक लगा दी गई है। 9-10 जून को दिल्ली में धारा 144 लागू रहेगी। राष्ट्रपति भवन की सुरक्षा के लिए अर्धसैनिक बलों की 5 कंपनियां तैनात होंगी। NSG कमांडो, ड्रोन और स्नाइपर की तैनाती होगी।

  • नरेंद्र मोदी को चुना गया संसदीय दल के नेता, NDA ने सरकार बनाने का दावा किया पेश

    नरेंद्र मोदी को चुना गया संसदीय दल के नेता, NDA ने सरकार बनाने का दावा किया पेश

     
    नई दिल्ली : एनडीए संसदीय दल की बैठक में नरेंद्र मोदी को नेता चुन लिया गया है। एनडीए ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश किया। नरेंद्र मोदी रविवार को लगातार तीसरी बार देश के पीएम पद की शपथ लेंगे। संसदीय दल का नेता चुने जाने के बाद पीएम मोदी ने कहा, ‘मैं चुनाव जीतने वाले सभी नेताओं को बधाई देता हूं, मैं इस जीत के लिए जमीन पर अथक परिश्रम करने वाले सभी लोगों का भी अभिवादन करता हूं।’
    उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2024 के लोकसभा नतीजों को हमारी हार के रूप में दिखाने का प्रयास किया लेकिन हमारे देश के लोग जानते हैं कि हम कभी नहीं हारे। उन्होंने कहा, “इस गठबंधन के केंद्र में परस्पर विश्वास है। प्रधानमंत्री मोदी ने एनडीए संसदीय दल की बैठक में कहा कि हम ‘सर्व धर्म समभाव’ के सिद्धांत का पालन करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह भारत के इतिहास का सबसे सफल गठबंधन है, हमारा उद्देश्य हमारे सभी फैसलों में आम-सहमति पाने का होगा।
    उन्होंने कहा, एनडीए ऐसे दलों का जमावड़ा नहीं है जो सत्ता के लिए साथ आए हैं, बल्कि यह ‘राष्ट्र प्रथम’ के सिद्धांत के प्रति समर्पित स्वाभाविक गठबंधन है। एनडीए सरकार अगले 10 वर्ष में सुशासन, विकास और आम नागरिकों के जीवन में न्यूनतम हस्तक्षेप पर ध्यान केंद्रित करेगी। जब भी मैं भगवान जगन्नाथ के बारे में सोचता हूं तो मुझे लगता है कि वे गरीबों के भगवान हैं। अगले 25 वर्ष में ओडिशा देश के प्रमुख विकास इंजनों में से एक होगा।
    उन्होंने कहा कि देश के 10 राज्य ऐसे हैं जहां जनजातीय समूह की संख्या प्रभावी और निर्णायक है और इनमें से सात राज्यों में एनडीए की सरकार है। मोदी ने कहा, ‘हम सर्व पंथ समभाव और संविधान को समर्पित लोग हैं। हमारा गोवा हो या हमारा पूर्वोत्तर भारत हो। जहां बहुत बड़ी मात्रा में ईसाई भाई-बहन रहते हैं। आज इन राज्यों में भी राजग को सेवा करने का अवसर मिला हुआ है।’ नरेंद्र मोदी ने कहा कि चुनाव पूर्व गठबंधन के इतिहास में जितना सफल एनडीए हुआ है उतना कोई नहीं हुआ।
  • भाजपा की नवनिर्वाचित सांसद कंगना रनौत (Kangana Ranaut) को सीआईएसएफ की एक महिला चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर मारा थप्पड़ ..

    भाजपा की नवनिर्वाचित सांसद कंगना रनौत (Kangana Ranaut) को सीआईएसएफ की एक महिला चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर मारा थप्पड़ ..

     

    भाजपा की नवनिर्वाचित सांसद कंगना रनौत (Kangana Ranaut) को सीआईएसएफ की एक महिला जवान ने चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर थप्पड़ मार दिया. आरोपी की पहचान कुलविंदर कौर (Kulwinder Kaur) के रूप में हुई है. उसे सस्पेंड कर दिया गया है. वो पंजाब के सुल्तानपुर लोधी की रहने वाली है. इस समय मोहाली में रह रही है.

     

    क्या था कंगना रनौत का वो बयान? जिसकी वजह से चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर हुआ थप्पड़ कांड

    कंगना रनौत को थप्पड़ मारने वाली CISF की महिला जवान.

    चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर भाजपा की नवनिर्वाचित सांसद कंगना रनौत को सीआईएसएफ की एक महिला जवान ने थप्पड़ मार दिया. आरोपी को सस्पेंड कर दिया गया है. इस मामले में कंगना ने एक वीडियो बयान जारी किया है. उन्होंने बताया है कि दिल्ली जाते वक्त चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर सुरक्षा जांच के दौरान सीआईएसएफ की महिला जवान कुलविंदर कौर ने उन्हें थप्पड़ मारा. आरोपी का भी बयान आया है, जिसमें उसने कंगना के एक बयान का जिक्र किया है. इसे ही थप्पड़ मारने की वजह भी बताया है.

    आरोपी कुलविंदर कौर ने थप्पड़ मारने के बाद कहा कि कंगना ने बोला था ‘100-100 रुपये के लिए महिलाएं किसान आंदोलन में बैठी हैं. क्या ये वहां पर बैठी थीं. मेरी मां वहां बैठी थी’. कुलविंदर के इस बयान से जाहिर होता है कि वो किसान आंदोलन के बारे में कंगन की बयानबाजी से नाराज थी. इस घटना को लेकर कंगना ने भी एक वीडियो जारी किया है.

    ‘जब मैंने उससे पूछा कि उसने ऐसा क्यों किया’

    इसमें वो कहती हैं, मुझे मीडिया और शुभचिंतकों के बहुत सारे फोन कॉल आ रहे हैं. मैं सुरक्षित और बिल्कुल ठीक हूं. चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर जो घटना हुई, वो सुरक्षा जांच के दौरान हुई. जैसे ही मैं सुरक्षा जांच के बाद बाहर आई, दूसरे केबिन में बैठी महिला, जो CISF सुरक्षा कर्मचारी थी, मेरे चेहरे पर मारा और मुझे गालियां देने लगी. जब मैंने उससे पूछा कि उसने ऐसा क्यों किया तो उसने कहा कि वो किसानों के विरोध का समर्थन करती है. मैं सुरक्षित हूं लेकिन मुझे पंजाब में बढ़ रहे आतंकवाद और उग्रवाद की चिंता है.

    पता लगाना चाहिए कि आखिरकार हुआ क्या था’

    इस घटना को लेकर हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि चाहे किसी भी तरह की बहस हुई हो लेकिन एक महिला सांसद पर हाथ उठाने की घटना की सही तरीके से जांच होनी चाहिए. पता लगाना चाहिए कि आखिरकार हुआ क्या था. शिमला से बीजेपी सांसद सुरेश कश्यप ने कहा कि महिला सांसद के साथ हुई इस घटना की वो निंदा करते हैं. मामले की जांच होनी चाहिए.

    ‘आगे क्या करना है, यह मोर्चे में तय किया जाएगा’

    किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने कुलविंदर कौर पर कार्रवाई की निंदा की है. पंधेर ने कहा कि पहले भी बहुत सारे नेताओं के साथ ऐसी घटनाएं हो चुकी हैं. जिस तरीके से कंगना की तरफ से किसानों के खिलाफ बोला गया था, यह उनकी (कौर) नाराजगी थी. इस मामले में आगे क्या करना है, यह मोर्चे में तय किया जाएगा और आगे की रणनीति बनाई जाएगी.

  • नरेंद्र मोदी के तीसरी बार प्रधानमंत्री पद के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे कई देशों के दिग्गज नेता, शेख हसीना समेत इन नेताओं को भेजा निमंत्रण

    नरेंद्र मोदी के तीसरी बार प्रधानमंत्री पद के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे कई देशों के दिग्गज नेता, शेख हसीना समेत इन नेताओं को भेजा निमंत्रण

     

    नई दिल्ली : चार जून को लोकसभा चुनाव के परिणाम आ गए। NDA की सरकार को 292 सीटें और I.N.D.I.A गठबंधन को 234 सीटें मिली। सूत्रों के अनुसार, मोदी आठ जून को रात 8 बजे शपथ ले सकते हैं, क्योंकि भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए ने लोकसभा चुनाव में 292 सीटें जीतकर बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है। विपक्षी दल इंडिया ब्लॉक ने एग्जिट पोल के पूर्वानुमानों को झुठलाते हुए 234 सीटें हासिल की हैं।

    8 जून कार्यवाहक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तीसरी बार पीएम पद की शपथ लेकर भारत की कमान संभालने जा रहे हैं। बता दें कि नरेंद्र मोदी के शपथ ग्रहण समारोह के लिए पड़ोसी देशों के नेताओं को भी आमंत्रण भेजा जा चुका है।

    बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना और श्रीलंका के राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे उन विदेशी नेताओं में शामिल हैं, जो लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री के रूप में नरेन्द्र मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेंगे। मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में भूटान, नेपाल और मॉरीशस के नेताओं को भी आमंत्रित किए जाने की संभावना है।

    2019 के लोकसभा चुनावों के बाद भारत ने मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेने के लिए बिम्सटेक देशों के नेताओं को आमंत्रित किया था। बिम्सटेक एक क्षेत्रीय समूह है जिसमें बांग्लादेश, भूटान, भारत, म्यांमार, नेपाल, श्रीलंका और थाईलैंड शामिल हैं। 2019 में इस कार्यक्रम में वीवीआईपी सहित 8,000 से अधिक अतिथि शामिल हुए।

    2014 में जब मोदी ने अपने पहले कार्यकाल के लिए शपथ ली थी, तो तत्कालीन पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ सहित सभी सार्क (दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संगठन) नेताओं ने समारोह में भाग लिया था।

  • BJP अध्यक्ष जेपी नड्डा के घर NDA की बैठक, अमित शाह और राजनाथ रहेंगे उपस्थित; चुनाव आयोग आज राष्ट्रपति को सौंपेगा सांसदों की लिस्ट

    BJP अध्यक्ष जेपी नड्डा के घर NDA की बैठक, अमित शाह और राजनाथ रहेंगे उपस्थित; चुनाव आयोग आज राष्ट्रपति को सौंपेगा सांसदों की लिस्ट

     

    नई दिल्ली : भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा के घर पर गुरुवार (6 जून) को बैठक हो रही है। इसमें अमित शाह और राजनाथ सिंह समेत भाजपा के बड़े नेता पहुंचे हैं। बैठक में नई सरकार बनाने और शपथ ग्रहण की तैयारियों को लेकर मंथन होगा।

    इससे पहले बुधवार (5 जून) को नरेंद्र मोदी के आवास पर NDA की बैठक हुई थी। इसमें सर्वसम्मति से नरेंद्र मोदी को गठबंधन का नेता चुना। PM आवास पर हुई बैठक में TDP चीफ चंद्रबाबू नायडू, बिहार के CM नीतीश कुमार, महाराष्ट्र के CM एकनाथ शिंदे सहित 14 दलों के 21 नेता थे।

    सूत्रों के मुताबिक, TDP और JDU ने सीटों में बड़ी भागीदार होने के नाते कैबिनेट में बड़ी हिस्सेदारी मांगी है। सूत्र ने कहा कि पार्टी ने ग्रामीण विकास, आवास और शहरी मामले, बंदरगाह और शिपिंग, सड़क परिवहन और राजमार्ग एवं जल शक्ति मंत्रालय की मांग रखी है। TDP वित्त मंत्रालय का अतरिक्त प्रभार भी मांग रही है। आंध्र प्रदेश में फ्री की योजनाओं के चलते आर्थिक स्थिति बहुत खराब है। इसलिए नायडू चाहते हैं कि वित्त मंत्रालय का अतरिक्त प्रभार उन्हें मिले।

    केंद्र सरकार के 10 सबसे ताकतवर और समृद्ध मंत्रालय- गृह, रक्षा, वित्त, विदेश, रेलवे, सूचना प्रसारण, शिक्षा, कृषि, सड़क परिवहन और सिविल एविएशन हैं। अकेले बहुमत ​होने से 2019 और 2014 में भाजपा ने सभी बड़े विभाग अपने पास रखे थे। लोकसभा चुनाव में भाजपा को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है। पार्टी को 240 सीटें मिली हैं। यह बहुमत के आंकड़े (272) से 32 सीटें कम हैं। ऐसे में वह 14 सहयोगी दलों के 53 सांसदों के साथ मिलकर गठबंधन सरकार चलाएगी। इसमें चंद्रबाबू की TDP 16 सीटों के साथ दूसरी और नीतीश की JDU 12 सीटों के साथ तीसरी सबसे बड़ी पार्टी है।

  • राकेश राठौर ने हिमाचल के पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को अनुराग ठाकुर के पांचवी बार सांसद चुने जाने पर दी बधाई  

    राकेश राठौर ने हिमाचल के पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को अनुराग ठाकुर के पांचवी बार सांसद चुने जाने पर दी बधाई  

    राकेश राठौर ने हिमाचल के पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल को अनुराग ठाकुर के पांचवी बार सांसद चुने जाने पर दी बधाई  

    MBD NEWS जालंधर 5 जून ( सुमेश शर्मा) भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री एवं जालंधर के पूर्व में राकेश राठौर ने आज हमीरपुर से रिकॉर्ड मतों से पांचवीं बार सांसद चुने जाने पर पूर्व केंद्रीय कैबिनेट मंत्री खेल युवा सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय अनुराग ठाकुर के निवास स्थान पर जाकर उनके पिता हिमाचल के पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल से शिष्टाचार भेंट कर बधाई एवं शुभकामनाएं दी उनके साथ मुख्य रूप से उपस्थित जालंधर के पूर्व जिला अध्यक्ष रमन पब्बी,भाजपा स्पोर्ट्स सेल के प्रदेश अध्यक्ष सनी शर्मा, भाजपा जिला सचिव अमित भाटिया, मुख्य रूप से उपस्थित थे राकेश राठौर ने कहा कि हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के विकास से ही अनुराग ठाकुर लगातार पांचवीं बार सांसद चुने गए हैं इससे स्पष्ट है कि हमीरपुर की जनता अनुराग ठाकुर के काम करने के तरीके से पूरी तरह संतुष्ट है।

  • प्रधानमंत्री आवास पर NDA की बैठक में नरेंद्र मोदी को सर्वसहमति से चुना गया नेता

    प्रधानमंत्री आवास पर NDA की बैठक में नरेंद्र मोदी को सर्वसहमति से चुना गया नेता

     

    नई दिल्ली- प्रधानमंत्री आवास पर बुधवार को हुई एनडीए की बैठक में सभी दलों ने सर्वसम्मति से नरेंद्र मोदी को अपना नेता चुन लिया है। पीएम आवास, 7 लोक कल्याण मार्ग पर हुई बैठक में एनडीए नेताओं ने प्रस्ताव पारित कर कहा, “भारत के 140 करोड़ देशवासियों ने पिछले 10 वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों से देश को हर क्षेत्र में विकसित होते देखा है। बहुत लंबे अंतराल, लगभग 6 दशक के बाद भारत की जनता ने लगातार तीसरी बार पूर्ण बहुमत से सशक्त नेतृत्व को चुना है। हम सभी को गर्व है कि 2024 का लोकसभा चुनाव एनडीए ने नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एकजुटता से लड़ा और जीता। हम सभी एनडीए के नेता नरेंद्र मोदी को सर्वसम्मति से अपना नेता चुनते हैं।”

    प्रस्ताव में आगे कहा गया है कि, “मोदी जी के नेतृत्व में एनडीए सरकार भारत के गरीब-महिला-युवा-किसान और शोषित, वंचित व पीड़ित नागरिकों की सेवा करने के लिए प्रतिबद्ध है। भारत की विरासत को संरक्षित कर देश के सर्वांगीण विकास हेतु एनडीए सरकार भारत के जन-जन के जीवन स्तर में सुधार लाने के लिए कार्य करती रहेगी।” प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में पीएम आवास पर हुई बैठक में भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, बिहार के मुख्यमंत्री एवं जेडीयू नेता नीतीश कुमार, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एवं शिवसेना (शिंदे गुट) के नेता एकनाथ शिंदे, टीडीपी मुखिया चंद्रबाबू नायडू, लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) से चिराग पासवान, एनसीपी (अजित पवार गुट) से प्रफुल्ल पटेल एवं सुनील तटकरे, अपना दल (एस) से अनुप्रिया पटेल, आरएलडी से जयंत चौधरी, जेडीएस से एचडी कुमारस्वामी, जनसेना पार्टी से पवन कल्याण, हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा से जीतन राम मांझी, असम गण परिषद से अतुल बोरा, आजसू से सुदेश महतो, जेडीयू के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह एवं जेडीयू के राष्ट्रीय महासचिव संजय झा सहित एनडीए में शामिल अन्य सहयोगी दलों के भी कई नेता मौजूद रहे।

    एनडीए की बैठक में भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने गुलदस्ता भेंटकर और सभी नेताओं ने तालियां बजाकर प्रधानमंत्री मोदी का अभिनंदन किया। बैठक में मौजूद सभी दलों के नेताओं ने जीत के लिए प्रधानमंत्री मोदी को बधाई देते हुए उनके नेतृत्व में आस्था भी व्यक्त की। पीएम मोदी के बगल में एक तरफ चंद्रबाबू नायडू, नीतीश कुमार और एकनाथ शिंदे और दूसरी तरफ जेपी नड्डा, राजनाथ सिंह और अमित शाह बैठे नजर आए। बताया जा रहा है कि एनडीए की नई सरकार का शपथ ग्रहण समारोह 8 जून को हो सकता है। इससे पहले 7 जून को भाजपा संसदीय दल की बैठक में भाजपा के सभी सांसद मिलकर नरेंद्र मोदी को पार्टी के संसदीय दल के नेता के तौर पर चुनेंगे। इसके बाद एनडीए के सभी सांसदों की बैठक होगी, जिसमें नरेंद्र मोदी को एनडीए संसदीय दल का नेता चुना जाएगा। इसके अगले दिन 8 जून को नरेंद्र मोदी लगातार तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री के तौर पर शपथ लेंगे। इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में पीएम आवास में केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में वर्तमान लोकसभा (17वीं लोकसभा) को भंग करने की सिफारिश को मंजूरी दी गई थी, जिसे राष्ट्रपति ने मंजूर करते हुए वर्तमान लोकसभा को भंग कर दिया है।

  •  ‘एक पेड़ माँ के नाम’ कैंपेन की PM मोदी ने की शुरुआत, जानें किस पार्क में पौधा लगाकर किया शुभारंभ..

     

     ‘एक पेड़ माँ के नाम’ कैंपेन की PM मोदी ने की शुरुआत, जानें किस पार्क में पौधा लगाकर किया शुभारंभ..

     

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज विश्व पर्यावरण दिवस को लेकर एक कैंपेन की शुरुआत कर दी है। इस कैंपेन से पीएम की मंशा है कि देश में ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाए जाएं।

     

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी - India TV Hindi

    आज वर्ल्ड इनवायरमेंट डे यानी विश्व पर्यावरण दिवस है। इस अवसर पर लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करने के लिए आज खुद प्रधानमंत्री मोदी एक कैंपेन शुरू कर दी है। इस कैपेंन को ‘एक पेड़ माँ के नाम’ दिया गया है। इसकी शुरुआत पीएम मोदी खुद एक पौधा लगाकर कर दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस कैपेंन की शुरुआत बुद्ध जयंती पार्क में एक पौधा लगाकर की है। इसका उद्देश्य देश भर में अभियान चलाकर पौधारोपण करवाना है।

    10.45 मिनट पर होगा पौधारोपण

    पीएम मोदी आज बुद्ध जयंती पार्क में करीबन 10.45 मिनट पर पौधारोपण कर इस अभियान की शुरुआत की है। प्रधानमंत्री की योजना है कि इस अभियान के जरिए देश भर में पौधारोपण के प्रति लोगों जागरूक किया जाए ताकि बढ़ रहे ग्लोबल वार्मिंग से निपटा जा सके। जानकारी दे दें कि इस साल देश के कई राज्यों भीषण गर्मी की मार लोगों को झेलनी पड़ी है। इसकी को लेकर एक्सपर्ट्स ने लोगों को ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने की सलाह दी है।

  • ओडिशा में हार के बाद CM नवीन पटनायक ने दिया इस्तीफा, BJP बनाएगी नई सरकार

     ओडिशा में हार के बाद CM नवीन पटनायक ने दिया इस्तीफा, BJP बनाएगी नई सरकार

     

     

     

    नई दिल्ली : राज्य विधानसभा और संसदीय चुनावों में भारी हार के बाद, ओडिशा के सीएम और बीजेडी प्रमुख नवीन पटनायक का 24 साल पुराना कार्यकाल समाप्त हो गया क्योंकि उन्होंने बुधवार को भुवनेश्वर के राजभवन में ओडिशा के राज्यपाल रघुबर दास को अपना इस्तीफा सौंप दिया।

    1997 से ओडिशा पर शासन करने वाला बीजू जनता दल भाजपा से हार गया और मुख्यमंत्री के रूप में नवीन पटनायक के 24 साल पुराने शासन को तोड़ दिया। भारतीय जनता पार्टी ने 147 सीटों वाली विधानसभा में 78 सीटें हासिल कीं। बीजद ने बहुमत के आंकड़े 74 से काफी पीछे 51 सीटें हासिल कीं और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने 14 सीटें हासिल कीं।

    2024 के लोकसभा चुनाव में भी बीजेपी ने अच्छा प्रदर्शन करते हुए राज्य की 21 संसदीय सीटों में से 20 सीटें हासिल कीं, बाकी एक सीट कांग्रेस ने जीती। नवीन पटनायक ने अपने पिता और ओडिशा के पूर्व सीएम बीजू पटनायक के नाम पर बनी पार्टी बीजेडी के माध्यम से राज्य की राजनीति में अप्रत्याशित प्रवेश किया था।

    उनकी राजनीतिक यात्रा 1998 के लोकसभा उपचुनाव में जीत के साथ शुरू हुई, जिसमें उन्होंने अपने पिता के निर्वाचन क्षेत्र अस्का का प्रतिनिधित्व किया। 2000 के विधानसभा चुनावों में बीजद की सफलता, भाजपा के साथ गठबंधन बनाने और बहुमत हासिल करने के बाद, पटनायक ने मुख्यमंत्री की भूमिका निभाने के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल में अपने पद से इस्तीफा दे दिया। तब से, वह सिक्किम के मुख्यमंत्री पवन कुमार चामलिंग के बाद दूसरे सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री रहने वाले मुख्यमंत्री रहे हैं।

    भाजपा को अपने गठबंधन में अन्य दलों – जेडी (यू) प्रमुख नीतीश कुमार और टीडीपी के प्रमुख चंद्रबाबू नायडू के समर्थन पर निर्भर रहना होगा। 2024 के लोकसभा चुनाव में पड़े वोटों की गिनती के बाद बीजेपी 272 बहुमत के आंकड़े से 32 सीटें पीछे रह गई। 2014 में भारतीय जनता पार्टी के सत्ता में आने के बाद पहली बार, उसे अपना बहुमत हासिल नहीं हुआ।