न्यू ईयर पर निवेशकों को मिला 5.5 लाख करोड़ का गिफ्ट

न्यू ईयर पर निवेशकों को मिला 5.5 लाख करोड़ का गिफ्ट

 

 

मुंबई- घरेलू बेंचमार्क सूचकांक गुरुवार को सपाट खुले। शुरुआती कारोबार में निफ्टी पर पीएसयू बैंक, फार्मा, एफएमसीजी, रियलिटी, मीडिया, एनर्जी और मेटल सेक्टर में बिकवाली देखी गई। अगले सप्ताह शुरू होने वाले तिमाही इनकम सेशन से पहले फाइनेंस, ऑटो और आईटी शेयरों में बढ़त रही। बीएसई सेंसेक्स में 1,300 से अधिक अंकों की उछाल आई जबकि निफ्टी 50 इंडेक्स 350 अंकों से अधिक बढ़कर 24,100 अंक पर पहुंच गया। इस तेजी से बीएसई में लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप करीब 5.58 लाख करोड़ रुपये बढ़कर 450.01 लाख करोड़ रुपये हो गया। सेंसेक्स 1383.88 अंक यानी 1.76% तेजी के साथ 79,891.29 अंक पर ट्रेड कर रहा था। वहीं निफ्टी 428.75 अंक यानी 1.81% तेजी के साथ 24,171.65 अंक पर था।

– बैंकिंग और वित्तीय शेयरों में भी आज जोरदार उछाल आया। इसकी अगुआई बजाज फिनसर्व और बजाज फाइनेंस ने की, जो क्रमशः लगभग 6% और 8% चढ़े। एचडीएफसी बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक और इंडसइंड बैंक सहित अन्य निजी बैंकों ने भी तेजी में योगदान दिया।

– पिछले दो हफ्तों में निफ्टी ने ऊपर की ओर 23900 और नीचे की ओर 23500 की रेंज के भीतर कारोबार किया है। गुरुवार की वीकली एक्सपायरी पर खरीदारी के बीच इस रेंज के ऊपरी बैंड के ऊपर एक निर्णायक ब्रेकआउट देखा गया।

– दिसंबर में मजबूत बिक्री आंकड़ों की बदौलत आज के कारोबार में ऑटो शेयरों ने बेहतर प्रदर्शन किया, जबकि महीने के दौरान आमतौर पर मांग कम रहती है। आयशर मोटर्स के शेयरों में 7% की तेजी आई। कंपनी का कहना है कि रॉयल एनफील्ड की बिक्री में दिसंबर में पिछले साल के मुकाबले 25% तेजी रही। दिसंबर में कंपनी ने 79,466 यूनिट्स की बिक्री की जबकि पिछले साल इसी महीने में 63,887 यूनिट्स की बिक्री हुई थी। देश की सबसे बड़ी ऑटो कंपनी मारुति सुजुकी के शेयरों में भी 4.5% तेजी आई। कंपनी ने दिसंबर में बिक्री में 30% की तेजी दर्ज की। एक साल पहले 1,37,551 यूनिट्स की तुलना में इस बार उसने 1,78,248 यूनिट्स की डिलीवरी की। इसके अलावा महिंद्रा एंड महिंद्रा (M&M) और अशोक लीलैंड के शेयरों में 4% से अधिक तेजी आई। इन कंपनियों की बिक्री दिसंबर में उम्मीद से बेहतर रही।

– बर्नस्टीन की 2025 के लिए भारत की रणनीति से पता चलता है कि अर्थव्यवस्था का बुरा दौर गुजर चुका है और 1-2 तिमाहियों के भीतर विकास में तेजी आने की उम्मीद है। बर्नस्टीन का कहना है कि सितंबर में 5% की वृद्धि और कम औद्योगिक विकास के साथ बुरा दौर अब गुजर रहा है। नीतिगत कार्रवाई की अनिश्चितताओं के आगे दूर होने और आधार रीसेट होने के साथ 1-2 तिमाहियों में विकास में तेजी आ सकती है। बर्नस्टीन ने वित्त वर्ष 2026 की आय के लिए कुछ जोखिमों के बावजूद रिकवरी से पहले निवेश करने की सलाह दी है।

– वित्तीय क्षेत्र के बाद दूसरा सबसे बड़े सेक्टर आईटी के इंडेक्स में भी करीब दो फीसदी की तेजी आई। सीएलएसए और सिटी ने दिसंबर तिमाही में और 2025 में इस क्षेत्र के लिए राजस्व वृद्धि का अनुमान लगाया है। इन्फोसिस, टीसीएस, एचसीएल टेक और टेक महिंद्रा सहित प्रमुख आईटी कंपनियों ने सामूहिक रूप से आज सेंसेक्स की रैली में 300 से अधिक अंक जोड़े।

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