जहां जन्म लिया, वहीं अंतिम सांस ली निशाबर ने, पंजा साहिब गए श्रद्धालु की हार्ट अटैक से मौत, 12 अप्रैल को जत्थे के साथ गए थे पाकिस्तान
अमृतसरः अटारी-वाघा सड़क मार्ग से मंगलवार को बैसाखी पर्व मनाने श्री पंजा साहिब पाकिस्तान गए सिख श्रद्धालुओं के जत्थे में शामिल एक सिख बुजुर्ग की हार्ट अटैक से मौत हो गई। मृतक सिख श्रद्धालु की पहचान हरियाणा जिले के घरौंडा निवासी निशाबर सिंह (83) के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि मंगलवार देर रात करीब 11 बजे रावलपिंडी रेलवे स्टेशन के पास रेलगाड़ी में उन्हें हार्ट अटैक आने के बाद उनका निधन हो गया। वह 12 अप्रैल को भारतीय सिख श्रद्धालुओं के जत्थे के साथ बैसाखी पर्व मनाने के लिए पाकिस्तान गया था।
जत्थे में शामिल अन्य सिख श्रद्धालुओं ने शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी और लाहौर स्थित गुरुद्वारा डेहरा साहिब के प्रबंधों को निशाबर सिंह के हार्ट अटैक से निधन होने की सूचना दी। इसके बाद निशाबर सिंह का शव लाहौर के एक अस्पताल में लाया गया। यहां पर जरूरी दस्तावेज की प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव अटारी सीमा पर भेज दिया गया। यहां पर उनके पुत्र कुलविंदर सिंह व अन्य रिश्तेदारों को नशाबर सिंह का शव सौंप दिया गया। एसजीपीसी के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी के आदेश पर शव को हरियाणा ले जाने के लिए श्री हरिमंदिर साहिब की एंबुलेंस का प्रबंध किया गया था।
जिक्रोयग्य है कि निशाबर सिंह का जन्म जहां हुआ था, वहीं उनकी मौत भी हुई है। उनके पासपोर्ट से मिली जानकारी के अनुसार निशाबर 1939 में पाकिस्तान स्थित पंजाब के अमोके में जन्मे थे। लेकिन बंटवारे के बाद वह भारत आ गए और करनाल में परिवार के साथ बस गए, लेकिन अब उनकी अंतिम सांसे भी वहीं उसी जगह निकली, (पाकिस्तान स्थित पंजाब) जहां उनका जन्म हुआ था।








Leave a Reply