15 अगस्त 2026 को भारत अपना 80वां स्वतंत्रता दिवस पर हर घर पर शान से फहराएं राष्ट्रीय ध्वज..
नई दिल्ली : भारत 15 अगस्त 2026 को अपना 80वां स्वतंत्रता दिवस मनाने जा रहा है। इस ऐतिहासिक अवसर पर देशभर में ‘हर घर तिरंगा’ अभियान की भव्य शुरुआत हो चुकी है, जो 9 अगस्त से 17 अगस्त तक चलेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी देशवासियों से इस राष्ट्रव्यापी उत्सव में पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लेने और अपने घरों पर गर्व के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराने का आह्वान किया है। हालांकि, तिरंगा फहराते समय इसके सम्मान और ‘फ्लैग कोड’ से जुड़े कुछ सख्त नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है, जिनकी अनदेखी करने पर कड़ी सजा का प्रावधान भी है।
‘वंदे मातरम’ को समर्पित है इस बार का ऐतिहासिक अभियान
आजादी के अमृत महोत्सव के तहत शुरू किया गया यह अभियान इस साल विशेष रूप से राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ को समर्पित किया गया है, क्योंकि देश साल 2026 में इसकी रचना का 150वां वर्ष मना रहा है। इसके अलावा, दुनिया भर में फैले भारतीयों को एक साथ जोड़ने के लिए ‘सूर्यापथ तिरंगा’ के नाम से भव्य रैलियों, तिरंगा यात्राओं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जा रहा है। इसी के तहत हर घर पर झंडा फहराने की अपील की गई है।
तिरंगा फहराने और उतारने के ये हैं सख्त नियम
राष्ट्रीय ध्वज फहराते समय उसकी गरिमा का विशेष ध्यान रखना आवश्यक है। हमेशा साफ-सुथरा और आयताकार (लंबाई-चौड़ाई का 3:2 अनुपात) झंडा ही फहराना चाहिए। इसका कपड़ा सूती, पॉलिएस्टर, ऊन, सिल्क या खादी का हो सकता है। झंडा फहराते वक्त केसरिया रंग हमेशा ऊपर होना चाहिए और बीच का अशोक चक्र स्पष्ट रूप से दिखाई देना चाहिए। यह सुनिश्चित करना अनिवार्य है कि तिरंगा किसी भी हालत में जमीन या पानी को न छुए। साथ ही, इसके अगल-बगल कोई अन्य झंडा इससे ऊंचा या इसके बराबर नहीं फहराया जाना चाहिए। संशोधित नियमों के अनुसार अब तिरंगे को दिन-रात फहराया जा सकता है, लेकिन रात के समय उस स्थान पर पर्याप्त रोशनी होनी चाहिए। अभियान समाप्त होने के बाद झंडे को पूरी तरह से सम्मान के साथ उतारकर सुरक्षित स्थान पर रखना चाहिए और इसे सजावट या कपड़ों के रूप में इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
नियमों की अनदेखी या अपमान करने पर कड़ी सजा का प्रावधान
सरकार ने स्पष्ट किया है कि 2002 की ध्वज संहिता के तहत आम नागरिकों को अपने घरों और दफ्तरों में तिरंगा फहराने की पूरी आजादी है, लेकिन नियमों का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर कोई व्यक्ति राष्ट्रीय ध्वज का अपमान करता पाया जाता है, तो ‘राष्ट्रीय गौरव अपमान निवारण अधिनियम, 1971’ के तहत उस पर सख्त कार्रवाई हो सकती है। इस कानून के तहत दोषी को तीन साल तक की जेल, भारी जुर्माना या फिर दोनों की सजा भुगतनी पड़ सकती है।
तिरंगे के साथ सेल्फी अपलोड कर पाएं खास सर्टिफिकेट
इस देशभक्तिपूर्ण अभियान में हिस्सा लेने वाले नागरिक सरकार की ओर से एक विशेष सर्टिफिकेट भी प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए लोगों को राष्ट्रीय ध्वज के साथ अपनी एक अच्छी सेल्फी क्लिक करके अभियान की आधिकारिक वेबसाइट (harghartiranga.com) पर अपलोड करनी होगी। पोर्टल पर अपना नाम दर्ज करने के बाद आप तुरंत अपना डिजिटल सर्टिफिकेट डाउनलोड कर सकते हैं। इस सर्टिफिकेट को #HarGharTiranga और #HGT2026 हैशटैग के साथ अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स पर शेयर करके आप इस महाउत्सव का डिजिटल रूप से भी हिस्सा बन सकते हैं।









