सड़क दुर्घटना में एक ही परिवार के 4 लोगों की मौत के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने फूंकीं गाड़ियां; पुलिस पर भी किया पथराव

सड़क दुर्घटना में एक ही परिवार के 4 लोगों की मौत के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने फूंकीं गाड़ियां; पुलिस पर भी किया पथराव

 

अलवर : राजस्थान के अलवर जिले के बहतु कला थाना क्षेत्र में देर रात सड़क दुर्घटना में एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई। इनमें तीन बच्चे शामिल थे। हादसे के बाद गुस्साए लोगों ने जमकर हंगामा किया। आक्रोशित ग्रामीणों ने ट्रैक्टर-ट्रॉली और टेंपो को आग के हवाले कर दिया। वहीं, पुलिस की जीप पर भी पथराव किया। इतना ही नहीं आग बुझाने के लिए मौके पर पहुंची दमकल की गाड़ी के भी शीशे तोड़ दिए।

हालात बिगड़ने पर अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया। इसके बाद भी काफी मुश्किल से स्थिति नियंत्रित हो सकी। इतने के बावजूद ग्रामीणों का आक्रोश थमने का नाम नहीं ले रहा था। ऐसे में ग्रामीण चारों शवों को सड़क पर रखकर धरने पर बैठ गए। यह धरना प्रदर्शन और हंगामा करीब चार घंटे तक चलता रहा।इससे कठूमर-भनोखर रोड पर लंबा जाम लग गया।

पुलिस के मुताबिक अब हालात नियंत्रण में है। क्षेत्र में थोड़ा तनाव है। ऐसे में खेड़ली-कठूमर डीएसपी अशोक चौहान, लक्ष्मणगढ़ डीएसपी राजेश शर्मा के नेतृत्व में पांच थानों की पुलिस फोर्स को मौके पर तैनात किया गया है। पुलिस ने बताया कि थोड़ी देर बाद शवों का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।पुलिस को आशंका है कि ग्रामीण एक बार फिर पोस्टमार्टम के दौरान बवाल कर सकते हैं। अब बवाल मुआवजे को लेकर हो सकता है।

ऐसे में पोस्टमार्टम हाउस पर अतिरिक्त पुलिस बल रवाना करने के आदेश दिए गए हैं। बता दें कि कठूमर-भनोखर रोड पर गुरुवार की देर रात सुण्डयाना गांव के पास बजरी से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली ने एक टेंपो में टक्कर मार दिया था। इस हादसे में टेंपो सवार एक पिता और उनके तीन बच्चों की मौके पर मौत हो गई थी। जबकि बच्चों की मां गंभीर रूप से घायल हो गई। आनन फानन में इन सभी को कठूमर सीएचसी ले जाया गया। जहां से महिला को जिला अस्पताल के लिए रैफर कर दिया गया है।

पुलिस के मुताबिक मृतकों की पहचान कृष्णा (14), नितेश (12), गौरव (10) और इन बच्चों के पिता मुरारी के रूप में हुई है। जबकि मुरारी की पत्नी लाडबाई की हालत गंभीर बनी हुई है। उन्हें अलवर जिला अस्पताल के लिए रैफर किया गया है। ग्रामीणों के मुताबिक मुरारी टेंपो चलाकर अपने परिवार का भरण पोषण करता था। अब उसके परिवार में पत्नी के अलावा एक मात्र बड़ी बेटी जिंदा है। वह हादसे के वक्त अपने गांव में थी। हादसे के बाद ग्रामीणों ने पुलिस पर खनन माफिया के साथ मिलीभगत का आरोप लगाया। कहा कि अवैध खनन बजरी की वजह से यहां आए दिन हादसे हो रहे हैं। बावजूद इसके पुलिस सबकुछ जानबूझ कर चुप्पी साधे बैठी है।

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *