Tag: केंद्रीय कर्मचारियों को झटका

  • केंद्रीय कर्मचारियों को मोदी  सरकार ने दिवाली पर दिया बड़ा तोहफा; 4% DA Hike का किया ऐलान

    केंद्रीय कर्मचारियों को मोदी  सरकार ने दिवाली पर दिया बड़ा तोहफा; 4% DA Hike का किया ऐलान

     

     

    नई दिल्ली: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर है। दिवाली से पहले केंद्र ने कर्मचारियों को बड़ा तोहफा दिया है। जी हां, हम बात कर रहे हैं महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी की, इसे लेकर केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ते में 4 फीसदी की बढ़ोतरी (DA Hike) को मंजूरी दे दी है।

    देश के लाखों केंद्रीय कर्मचारियों को इस फैसले के बाद फायदा होने वाला है। इस फैसले से केंद्र सरकार के कर्मचारियों का डीए मौजूदा 42 फीसदी से बढ़कर 46 फीसदी हो जाएगा। कर्मचारियों को यह बढ़ोतरी 1 जुलाई 2023 से जोड़ कर दिया जाएगा। कैबिनेट मीटिंग में लिए गए इस फैसले से 47 लाख कर्मचारियों और 68 लाख पेंशनभोगियों को फायदा होने की संभावना है। कैबिनेट ने केंद्र सरकार के रेलवे कर्मचारियों के लिए बोनस को भी मंजूरी दे दी है।

    कैसे तय किया जाता है कर्मचारियों का डीए?
    महंगाई भत्ता या DA कर्मचारियों की सैलरी का अहम पार्ट होता है और इसमें इजाफे का सीधा असर कर्मचारियों के हाथ में आने वाली सैलरी पर पड़ता है। इसका निर्धारिण महंगाई दर के आधार पर होता है। महंगाई जितनी ज्यादा, कर्मचारियों के डीए में उतनी अधिक बढ़ोतरी की उम्मीद।

    इसके लिए मानक के तौर पर सीपीआई-आईडब्ल्यू (CPI-IW) के आंकड़ों को देखा जाता है। जुलाई 2023 में CPI-IW, 3.3 प्वाइंट ऊपर चढ़कर 139.7 हो गया था। एक साल पहले की समान अवधि से तुलना करें तो ये करीब 0.90 फीसदी ज्यादा था। इससे पहले जून 2023 में ये 136.4 और मई महीने में 134.7 रहा था।

  • केंद्रीय कर्मचारियों को झटका, नहीं मिल सकता कोविड महामारी के दौरान रुका 18 माह का डीए

    केंद्रीय कर्मचारियों को झटका, नहीं मिल सकता कोविड महामारी के दौरान रुका 18 माह का डीए

    नई दिल्ली : कोरोना महामारी के दौरान रोका गया केंद्रीय कर्मचारियों का 18 महीनों का महंगाई भत्ता या डीए नहीं दिया जाएगा। लोक सभा में एक लिखित प्रश्न के जवाब में सरकार ने जानकारी दी है कि कोरोना काल में केंद्रीय कर्मचारियों का महंगाई भत्ता काटकर सरकार ने जो 34,402.32 करोड़ रुपए बचाए हैं। सरकार ने इस पैसे का कोरोना महामारी से उबरने में उपयोग किया है।

    दरअसल, कोरोना काल में केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते और महंगाई राहत की तीन किश्तें नहीं दी गईं थीं। जनवरी 2020, जुलाई 2020 और जनवरी 2021 का महंगाई भत्ता और महंगाई राहत नहीं दी गई। सरकार ने स्पष्टीकरण देते हुए कहा कि मौजूदा समय में बजट घाटा FRBM Act के प्रावधानों की तुलना में दोगुना है, इसलिए यह डीए देने का प्रस्ताव नहीं है।

    सरकार का कहना है कि केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते (डीए)/महंगाई की तीन किस्तों को रोकने का निर्णय 1 जनवरी 2021 को COVID-19 के संदर्भ में लिया गया था, ताकि सरकारी वित्त पर ज्यादा दबाव न पड़ें। लेकिन अभी भी सरकार का राजकोषीय घाटा दोगुने से भी अधिक स्तर पर चल रहा है। अभी सरकार को राजकोषीय घाटा से उबरने में कुछ और समय लग सकता है।