भारतीय छात्रों की निकासी के लिए पोलैंड लगातार तत्पर, 2 लाख से अधिक लोग कर चुके हैं सीमा पार- बोले राजदूत एडम बुराकोव्स्की

भारतीय छात्रों की निकासी के लिए पोलैंड लगातार तत्पर, 2 लाख से अधिक लोग कर चुके हैं सीमा पार- बोले राजदूत एडम बुराकोव्स्की

 

Russia Ukraine War: रूस और यूक्रेन के बीच जारी जंग को देखते हुए भारत में पोलैंड के राजदूत एडम बुराकोव्स्की (Ambassador of Poland to India Adam Burakowski) ने सोमवार को कहा कि भारतीय छात्रों के लिए वहां स्पेशल उड़ानें होंगी. पोलैंड निकासी प्रक्रिया में लगातार भारत की मदद कर रहा है. उन्होंने आगे कहा कि पोलैंड भारत के उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल की भी भारतीयों की निकासी प्रक्रिया में मदद करेगा. भारत में पोलैंड के राजदूत ने आगे कहा कि हम यूक्रेन का समर्थन करते हैं और गोला-बारूद और सभी प्रकार की सहायता प्रदान करने में उसकी मदद कर रहे हैं. निजी जेट सहित रूसी विमानों के लिए पूरे यूरोपीय संघ का हवाई क्षेत्र बंद है. जापान, अमेरिका और अन्य देशों ने भी रूस पर प्रतिबंध लगाए हैं. बुराकोव्स्की ने आगे कहा कि भारतीय छात्रों सहित 2 लाख से अधिक लोग पहले ही पोलैंड में सीमा पार कर चुके हैं. बॉर्ड्स पॉइंट्स पर भीड़भाड़ है लेकिन हम सभी का गर्मजोशी से स्वागत कर रहे हैं

 

भारतीयों की निकासी के लिए यूक्रेन के पड़ोसी देशों में जाएंगे ये चार मंत्री

केंद्र सरकार ने यूक्रेन में फंसे छात्रों समेत भारतीयों को बाहर निकालने की प्रक्रिया में समन्वय के लिए चार केंद्रीय मंत्रियों को युद्धग्रस्त देश के पड़ोसी देशों मे भेजने का सोमवार को फैसला किया. यह फैसला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में संपन्न एक उच्च स्तरीय बैठक में किया गया. सरकारी सूत्रों ने बताया कि केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी, ज्योतिरादित्य सिंधिया, किरेन रिजिजू और वी के सिंह यूक्रेन के पड़ोसी देशों में जाएंगे. उन्होंने बताया कि सिंधिया भारतीयों को यूक्रेन के निकालने के अभियान के लिए समन्वय का काम रोमानिया और मोल्दोवा से संभालेंगे, जबकि रिजिजू स्लोवाकिया जाएंगे. सूत्रों ने बताया कि पुरी हंगरी जाएंगे और सिंह भारतीयों को निकालने का प्रबंध करने के लिए पोलैंड जाएंगे. इन मंत्रियों को यूक्रेन के पड़ोसी देशों में भेजने का फैसला करने से एक दिन पहले ही मोदी ने कहा था कि युद्धग्रस्त देश में भारतीयों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और उन्हें बाहर निकालना सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है.

जंग के बीच से अभी तक 2000 नागरिकों की वापसी

विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने सोमवार को मीडिया से बातचीत में कि भारत ने यूक्रेन (Ukraine) से अपने करीब 2,000 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला है और उनमें से 1,000 लोगों को हंगरी (Hungary) और रोमानिया (Romania) के रास्ते चार्टर्ड विमानों से घर लाया जा चुका है. श्रृंगला ने बताया कि उन्होंने रूस और यूक्रेन के राजदूतों से अलग-अलग बातचीत की और यूक्रेन में फंसे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा संबंधी चिंताओं से उन्हें अवगत कराया. उन्होंने कहा, ‘विदेश मंत्री की प्रत्यक्ष निगरानी और प्रधानमंत्री के निर्देश के अनुसार विदेश मंत्रालय यूक्रेन में फंसे भारतीयों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहा है.’

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